रेप और जातिगत उत्पीड़न केस में कृषि अधिकारी को उम्रकैद, शादी का झांसा देकर किया शोषण

Zantro News Prime
May 04, 2026 • 06:48 AM

📰 रेप और जातिगत उत्पीड़न मामले में कृषि अधिकारी को उम्रकैद
रायपुर, 30 अप्रैल 2026।
छत्तीसगढ़ में महिला उत्पीड़न और जातिगत भेदभाव से जुड़े एक गंभीर मामले में रायपुर की विशेष अदालत ने कड़ा फैसला सुनाया है। अदालत ने बालोद जिले के रहने वाले एक कृषि विस्तार अधिकारी को दुष्कर्म और अनुसूचित जाति-जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम के तहत दोषी पाते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई है।
मामले की जानकारी के अनुसार, आरोपी और पीड़िता की पहचान जगदलपुर स्थित एग्रीकल्चर कॉलेज में पढ़ाई के दौरान हुई थी। पढ़ाई पूरी होने के बाद दोनों रायपुर में प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के दौरान एक-दूसरे के संपर्क में रहे। इसी दौरान आरोपी ने युवती को शादी का भरोसा दिलाकर उसके साथ संबंध बनाए।
अभियोजन पक्ष के मुताबिक, फरवरी 2021 में आरोपी ने युवती को रायपुर के धरमपुरा इलाके में अपने किराए के मकान में बुलाया, जहां उसने शादी का वादा कर उसके साथ जबरन शारीरिक संबंध बनाए। इसके बाद आरोपी लगातार शादी का आश्वासन देकर युवती के साथ संबंध बनाता रहा।
बताया गया कि यह सिलसिला वर्ष 2023 और 2024 तक चलता रहा। इस दौरान आरोपी युवती को भरोसे में लेकर उसका शोषण करता रहा।
मामले में बड़ा मोड़ तब आया जब आरोपी की सरकारी नौकरी लग गई। इसके बाद उसका व्यवहार बदल गया और उसने पीड़िता से दूरी बनानी शुरू कर दी। पीड़िता के अनुसार, आरोपी ने उसे जातिगत टिप्पणी करते हुए अपमानित किया और शादी से इनकार कर दिया।
इसके बावजूद नवंबर 2025 में आरोपी ने युवती को फिर से शादी का भरोसा देकर मिलने बुलाया और उसके साथ जबरन शारीरिक संबंध बनाए। बाद में पीड़िता ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई, जिसके आधार पर मामला दर्ज किया गया और जांच शुरू हुई।
मामले की सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने अदालत में साक्ष्य और पीड़िता के बयान प्रस्तुत किए। सभी तथ्यों को ध्यान में रखते हुए अदालत ने आरोपी को दोषी ठहराया।
कोर्ट ने आरोपी को भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं के तहत 10-10 साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई। इसके साथ ही SC/ST एक्ट के तहत उम्रकैद और जुर्माना भी लगाया गया। अदालत ने आदेश दिया कि सभी सजाएं एक साथ चलेंगी।
अदालत के इस फैसले को महिला सुरक्षा और सामाजिक न्याय की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है। इस निर्णय से यह स्पष्ट संदेश गया है कि महिलाओं के साथ अपराध और जातिगत भेदभाव करने वालों के खिलाफ कानून सख्ती से कार्रवाई करेगा।

Zantro News Prime
Member of our news editorial team, bringing you the latest updates and investigative stories from across the globe.
آپ کے لیے تجویز کردہ
بحث(0)
اپنے خیالات شیئر کریں۔ تمام تبصرے اشاعت سے پہلے جائزہ لیے جاتے ہیں۔
تبصرہ کریں
ابھی تک کوئی تبصرہ نہیں۔ پہلے بنیں!






